श्री गुरु तेग बहादुर खालसा महाविद्यालय, जबलपुर में भारतीय ज्ञान परंपरा प्रकोष्ठ एवं सांस्कृतिक समिति के संयुक्त तत्वावधान में कृष्ण जन्माष्टमी समारोह श्रद्धा एवं भक्तिमय वातावरण में आयोजित किया गया। कार्यक्रम महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. आर. एस. चंडोक जी के मार्गदर्शन में संपन्न हुआ। इसका उद्देश्य विद्यार्थियों को भगवान श्रीकृष्ण के जीवन-दर्शन, आदर्शों तथा भारतीय ज्ञान परंपरा के नैतिक एवं सांस्कृतिक मूल्यों से परिचित कराना था।
कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्ज्वलन, श्रीकृष्ण पूजन एवं वंदना के साथ हुआ। प्राचार्य डॉ. आर. एस. चंडोक जी ने अपने संबोधन में श्रीकृष्ण के जीवन से कर्तव्यनिष्ठा, कर्मयोग, सत्य, धर्म, प्रेम, करुणा एवं जीवन में संतुलन की प्रेरणा लेने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि श्रीमद्भगवद्गीता का कर्मयोग संदेश आज भी प्रासंगिक है तथा विद्यार्थियों को इन आदर्शों को अपने दैनिक जीवन में अपनाना चाहिए।
इसके पश्चात छात्रा सुश्री हर्षिता पाठक ने श्रीकृष्ण के जीवन एवं बाल लीलाओं पर आधारित कथा-वाचन किया। विद्यार्थियों ने भक्तिमय नृत्य एवं गायन की मनमोहक प्रस्तुतियाँ देकर कार्यक्रम को सांस्कृतिक रंग प्रदान किया।
कार्यक्रम के सफल आयोजन में सांस्कृतिक समिति की प्रभारी डॉ. अंजू पाठक, भारतीय ज्ञान परंपरा प्रकोष्ठ की प्रभारी डॉ. शशि दुबे तथा दोनों समितियों के सदस्यों का महत्वपूर्ण योगदान रहा। मंच संचालन डॉ. हर्षिता शुक्ला ने किया। इस अवसर पर महाविद्यालय के प्राध्यापकगण एवं बड़ी संख्या में विद्यार्थी उपस्थित रहे। समारोह श्रद्धा, भक्ति, संस्कृति एवं ज्ञान का सुंदर संगम बनकर सफलतापूर्वक संपन्न हुआ।
